उत्तराखंड : पांचवीं और आठवीं की परीक्षा में फेल होंगे छात्र, बना ये नियम

KhabarPahad-App
खबर शेयर करें -

नियमः पांचवीं और आठवीं की परीक्षा में फेल होंगे छात्र

नई दिल्ली: शिक्षा मंत्रालय के नए नियम के अनुसार, पांचवीं और आठवीं के विद्यार्थियों को वार्षिक परीक्षा में असफल होने पर फेल किया जा सकता है। दो महीने के भीतर दोबारा परीक्षा का मौका दिया जा सकता है, उसमें भी फेल होने पर छात्र को अगली कक्षा में नहीं भेजा जाएगा। अभी तक आठवीं कक्षा तक फेल करने का प्रावधान नहीं था।

वर्ष 2010-2011 से पांचवीं और आठवीं की बोर्ड परीक्षा बंद कर दी गई थी। विद्यार्थियों को अगली कक्षा में भेज दिया जाता था। इससे स्कूली शिक्षा के स्तर में लगातार गिरावट आ गई थी। इसके चलते 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षा में नतीजे खराब आ रहे थे। राज्य सरकारें इस व्यवस्था को बदलने को लेकर असमंजस की स्थिति में थीं। नई व्यवस्था लागू होने के बाद राज्य चाहें तो परीक्षा करा सकते हैं।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड: NSS स्थापना दिवस पर लमगड़ा कॉलेज में जुटे छात्र, स्वच्छता अभियान से दिया खास संदेश
यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड: मेडिकल एडमिशन में फर्जी प्रमाण पत्र का नया मामला, अधिवक्ता समेत 4 गिरफ्तार

शिक्षा मंत्रालय के स्कूल शिक्षा और साक्षरता विभाग ने इसके संबंध में अधिसूचना जारी की है। इन नियमों का संक्षिप्त नाम ‘निशुल्क अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार संशोधन नियम 2024’ है। यह सरकारी राजपत्र में उनके प्रशासन की तारीख से लागू हो गए हैं।

ADVERTISEMENTS
अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -

👉 व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें

👉 फेसबुक पेज़ को लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें

हमारे इस नंबर 7017926515 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें