देहरादून: अगर सभी कुछ प्लान के मुताबिक रहा तो मैदानी इलाकों में उत्तराखंड रोडवेज की बसे सीएनजी के जरिए संचालित की जाएगी। इसके लिए परिवहन निगम ने पूरी तैयारी कर ली है और आचार संहिता के खत्म होने के बाद काम में तेजी लाई जाएगी। कोरोना काल व डीजल के रेट बढ़ने के वजह से निगम को घाटे का सामना करना पड़ रहा है। आर्थिक बोझ को करने के लिए निगम अब सीएनजी की बसे चलाएगा। इससे खर्चा कम होगा और आमदनी भी हो पाएगी। यही नहीं यात्रियों को टिकट के बढ़ने का डर जो रहता है वो भी कम हो जाएगा।
बता दें कि परिवहन निगम ने दिल्ली से कुछ सीएनजी बसें लीज पर ली थी। इन बसों का संचालन दून-दिल्ली के बीच किया जा रहा है। डीजल बसों के मुकाबले इन बसों से निगम को ज्यादा कमाई हो रही है। इसे देखते हुए ही निगम ने सीएनजी किट लगाने का निर्णय लिया।जानकारी के अनुसार 600 से अधिक बसों में सीएनजी किट लगाई जाएगी जिनका संचालन मैदानी क्षेत्रों में किया जाता है।
आचार संहिता लागू होने से पहले परिवहन निगम ने इसका टेंडर भी निकाल दिया था। टेंडर खुल भी गया है। परिवहन निगम के महाप्रबंधक संचालन एवं तकनीकी दीपक जैन ने कहा कि आचार संहिता के खत्म होने के बाद काम तेजी से आगे बढ़ेगा। बजट का भी इंतजाम हो चुका है और आगामी जून-जुलाई तक सीएनजी की बसे विभिन्न मार्गों पर दौड़ती हुई नजर आएगी।
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