देहरादून- उत्तराखंड में सरकारी अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में मरीजों के लिए ब्रांडेड दवा लिखने वाले डॉक्टरों के खिलाफ कार्रवाई होगी। सरकार द्वारा राज्य के सभी जिलों के मुख्य चिकित्सा अधिकारियों और मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य को निर्देश दिए गए हैं कि ऐसे डॉक्टरों को चिन्हित किया जाए।
मामला आम जनता से जुड़ा है सस्ती दवा उपलब्ध कराने के लिए सरकार ने सरकारी अस्पतालों में जन औषधि केंद्र खोले हैं। केंद्र सरकार के स्तर पर भी प्रधानमंत्री जन औषधि योजना भी चलाई जा रही है। लेकिन डॉक्टरों को जेनेरिक दवाएं लिखने के निर्देश के बावजूद अधिकांश सरकारी मरीज के लिए डॉक्टर ब्रांडेड दवाएं लिख रहे हैं, लिहाजा अब सरकार ऐसे डॉक्टरों को बख्शने के मूड में नहीं है। स्वास्थ्य सचिव आर राजेश कुमार के अनुसार सरकार द्वारा सभी सीएमओ और मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य को ऐसे डॉक्टरों की पहचान करने के निर्देश दिए हैं ताकि उनके खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -
👉 व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें
👉 यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें
हमारे इस नंबर 7017926515 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें



उत्तराखंड: उपनल कर्मियों पर सुनवाई, कोर्ट में क्या चला पूरा मामला? जानिए
उत्तराखंड: यहाँ 90 लाख की हुई बड़ी चोरी, उद्योगपति का घर खंगाल गए चोर
उत्तराखंड: चारधाम यात्रा में खाने की शिकायत? तुरंत इस टोल फ्री नंबर पर करें कॉल
उत्तराखंड: सीएम धामी का निरीक्षण, बोले…काम चाहिए रिजल्ट के साथ, देरी नहीं चलेगी
उत्तराखंड: यहाँ ट्रक से भिड़ी कार, महिला की जान गई, सात लोग अस्पताल में भर्ती
उत्तराखंड: पहाड़ भी तपे, मैदान भी झुलसे उत्तराखंड में गर्मी का डबल अटैक
उत्तराखंड: कमर्शियल वाहन चालकों के लिए जरूरी खबर, ग्रीन कार्ड ऑनलाइन शुरू
उत्तराखंड: वन योजनाओं पर कड़ा रुख, मुख्य सचिव बोले…रिपोर्ट नहीं, रिजल्ट चाहिए
उत्तराखंड: हीट वेब को लेकर आए दिशा निर्देश
उत्तराखंड: कल खुलेंगे बाबा केदार के कपाट, सीएम धामी करेंगे पूजा-अर्चना 

