शासन के संज्ञान में आया है कि अशासकीय विद्यालयों में स्वीकृत पदों पर चयन की कार्यवाही में तीन माह से अधिक अवधि से रिक्त चले आ रहे पदों को बिना पुनर्जीवित कराये उक्त पदों को विज्ञापित कर कार्मिकों/ शिक्षकों की नियुक्ति तथा स्थानान्तरण किया जा रहा है, जबकि उत्तराखण्ड विद्यालयी शिक्षा अधिनियम, 2006 के अन्तर्गत निर्मित उत्तराखण्ड विद्यालयी शिक्षा विनियम, 2009 के अध्याय-दो के नियम 21 में निम्नलिखित व्यवस्था है :-
“21- जहां प्रबन्ध समिति इस अध्याय में दिए गए विनियमों के अनुसार किसी ऐसे स्वीकृत पद को जो, रिक्त हो गया हो, ऐसी स्थिति होने के दिनांक से तीन मास की अवधि के भीतर विज्ञापित नहीं करती है तो ऐसा पद अभ्यर्पित कर दिया गया समझा जायेगा और तब तक नहीं भरा जायेगा जब तक कि निदेशक द्वारा उसका सृजन फिर से स्वीकृत न कर दिया जाये।”
2-सम्यक विचारोपरान्त शासन द्वारा निर्णय लिया गया है कि ऐसे समस्त विद्यालयों में, जिनमें पूर्व से स्वीकृत पद 03 माह से अधिक अवधि से रिक्त चले आ रहे हैं, को बिना पुनर्जीवित कराये, इन पदों को विज्ञापित न किया जाए और नियुक्ति / भर्ती / स्थानान्तरण की कार्यवाही सम्पादित न की जाए। यदि ऐसा किया जाता है, तो संबंधित संस्था/इकाई को देय स्वीकृत पद के सापेक्ष वित्तीय अनुदान/वेतनादि किसी भी दशा में प्रदान नहीं किया जायेगा।



अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -
👉 व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें
👉 यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें
हमारे इस नंबर 7017926515 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें



नैनीताल : (बड़ी खबर) जिले में विभागों को निर्देश ऑन लाइन खतौनी होगी स्वीकार्य
उत्तराखंड: रुद्रपुर में SIR की बैठक में महाभारत, DM कमिश्नर के सामने भिड़ गए माननीय Video
उत्तराखंड : रक्षा बंधन में इनको मिलेगा वेतन
हल्द्वानी : इन इलाकों में 31 अगस्त तक बिजली रहेगी गुल
हल्द्वानी : SIR प्रक्रिया में व्यवधान का आरोप, भाजपा पदाधिकारियों ने ADM को सौंपा ज्ञापन
उत्तराखंड: बेटे ने पड़ोसी को बताया मां सुबह से उठी नहीं है, पति बेरहमी से हत्या कर हुआ फरार, तलाश जारी
उत्तराखंड: बेटी पर था शक…पिता ने दोस्त संग रची खौफनाक साजिश, लाड़ली की हत्या के बाद गंगनहर में फेंकी लाश
उत्तराखंड : लंबे इंतजार के बाद छह वन अधिकारियों को मिली पदोन्नति
रक्षाबंधन पर सीएम धामी की बड़ी सौगात, 28-29 अगस्त को महिलाओं के लिए रोडवेज बसों में मुफ्त सफर
उत्तराखंड: बिंदुखत्ता में किसान महासभा का बड़ा ऐलान, चुनाव से पहले राजस्व गांव का मुद्दा फिर गरमाया 

