ड्यूटी के दौरान घायल आरक्षी संजय कुमार का निधन, नैनीताल पुलिस महकमे में शोक ..
जनपद नैनीताल की भवाली कोतवाली में तैनात आरक्षी संजय कुमार का ड्यूटी के दौरान हुई दुर्घटना में घायल होने के बाद उपचार के दौरान आकस्मिक निधन हो गया। इस दुखद समाचार से पूरे पुलिस महकमे में गहरा शोक व्याप्त है।
02 मार्च 2026 को हल्द्वानी स्थित मेडिकल चौकी परिसर में दिवंगत आरक्षी के पार्थिव शरीर पर डॉ मंजूनाथ टी सी, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नैनीताल सहित अन्य अधिकारियों और कर्मियों ने पुष्पचक्र अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी। पुलिस परिवार ने शोक सलामी (गार्ड ऑफ ऑनर) देकर अपने जांबाज साथी को अंतिम विदाई दी।
वरिष्ठ अधिकारियों ने शोक संतप्त परिजनों से मिलकर उन्हें ढांढस बंधाया और भरोसा दिलाया कि विभाग हर संभव सहायता प्राथमिकता के आधार पर उपलब्ध कराएगा।
24 वर्षों का समर्पित सेवा सफर
आरक्षी संजय कुमार (भर्ती: 10 अक्टूबर 2001) ने लगभग 24 वर्षों तक नैनीताल और पिथौरागढ़ जनपदों में निष्ठा, अनुशासन और कर्तव्यपरायणता के साथ सेवा दी। अपने शांत स्वभाव और जिम्मेदार कार्यशैली के लिए वे सहकर्मियों के बीच सम्मानित थे।
पुलिस विभाग ने कहा कि संजय कुमार की कर्तव्यनिष्ठा और समर्पण सदैव प्रेरणा का स्रोत रहेंगे। नैनीताल पुलिस परिवार अपने इस साहसी साथी की सेवाओं को सदा स्मरण रखेगा और शोक की इस घड़ी में परिवार के साथ मजबूती से खड़ा रहेगा।

अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -
👉 व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें
👉 यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें
हमारे इस नंबर 7017926515 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें



उत्तराखंड: क्रिकेटर Kuldeep Yadav की मसूरी में शाही शादी
हल्द्वानी :(बड़ी खबर) DM रयाल के निर्देश, उद्यमियों की समस्याओं को दूर नहीं किया तो होगी कार्रवाई
हल्द्वानी :(बड़ी खबर) प्राइवेट स्कूलों को मिली चेतावनी
हल्द्वानी : गैस की कालाबाजारी रोकने के लिए होम वर्क शुरू
लालकुआं: एसडीएम ने इंडेन गैस एजेंसी गोदाम का किया औचक निरीक्षण
रुद्रपुर- एसएसपी उधमसिंहनगर अजय गणपति ने किए तबादले
हल्द्वानी : DM ने बैंकों को दिए निर्देश किसानों को ऋण देने में पीछे न रहे
उत्तराखंड: विधायक शिव ने विधानसभा में जनसंख्या नियंत्रण कानून की मांग उठाई
उत्तराखंड : कैंची धाम पहुंचे सुप्रसिद्ध गायक विशाल मिश्रा
उत्तराखंड: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर राज्य में खाद्य एवं रसद व्यवस्था की सतत निगरानी के लिए अधिकारियों की विशेष तैनाती 
