देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज घोषणा की कि स्वर्गीय अंकिता भंडारी प्रकरण की जांच अब CBI द्वारा कराई जाएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह कदम अंकिता के माता–पिता की भावनाओं और उनके अनुरोध का सम्मान करने के लिए उठाया गया है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि मामले की जानकारी मिलते ही राज्य सरकार ने पूर्ण संवेदनशीलता और निष्पक्षता के साथ कार्रवाई की। इसके तहत तुरंत एक महिला आईपीएस अधिकारी के नेतृत्व में विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया और सभी अभियुक्तों को गिरफ्तार कर न्यायिक प्रक्रिया पूरी की गई। SIT की गहन जांच और अदालत की सुनवाई के बाद आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।
धामी ने कहा कि अंकिता केवल एक पीड़िता नहीं थी, वह हमारी बहन और बेटी भी थी। राज्य सरकार ने शुरुआत से अंत तक निष्पक्षता, पारदर्शिता और दृढ़ता के साथ न्याय सुनिश्चित किया है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि हाल ही में सोशल मीडिया पर प्रसारित कुछ ऑडियो क्लिप्स के संबंध में अलग-अलग FIR दर्ज की गई हैं और जांच प्रक्रिया जारी है।
मुख्यमंत्री ने अंकिता के माता–पिता से हाल ही में मुलाकात का भी जिक्र किया और कहा कि उनके अनुरोध का सम्मान करते हुए CBI जांच कराने का निर्णय लिया गया है। धामी ने दोहराया कि सरकार पूरी संवेदनशीलता और दृढ़ता के साथ न्याय सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -
👉 व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें
👉 यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें
हमारे इस नंबर 7017926515 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें



उत्तराखंड: यहां 65 से अधिक देशों के साहित्यकार जुड़े, 30 नवोदित रचनाकार अलंकृत
उत्तराखंड : गदरपुर में एसटीएफ की बड़ी कार्रवाई, मेडिकल स्टोर से भारी मात्रा में नशीली दवाएं बरामद
उत्तराखंड: यहां ब्लेड से उठाया आत्मघाती कदम
उत्तराखंड : होली पर ऐसा रहेगा मौसम
हल्द्वानी: (बधाई) इंस्पायर अवार्ड के लिए कनिका और आरुष का चयन
उत्तराखण्ड : चौकीदार के एक पद के लिए लाइन में 20 बेरोजगार
नैनीताल :(बड़ी खबर) ड्यूटी के दौरान घायल आरक्षी संजय कुमार का निधन, नैनीताल पुलिस महकमे में शोक
उत्तराखंड में सचिवों का बड़ा फेरबदल, कई विभागों की जिम्मेदारी बदली
ईरान-इजराइल तनाव के बीच सतर्क उत्तराखंड सरकार
उत्तराखंड : यात्रियों के लिए खुशखबरी, तीन महीने बाद फिर दौड़ीं 26 ट्रेनें 
