UCC

27 जनवरी को उत्तराखंड में मनाया जाएगा पहला UCC दिवस, जिलाधिकारियों को दिए ये निर्देश

KhabarPahad-App
खबर शेयर करें -

देहरादून: उत्तराखंड में 27 जनवरी 2026 को पहली बार यूनीफॉर्म सिविल कोड (UCC) दिवस मनाया जाएगा। इसे लेकर प्रदेश सरकार ने तैयारियां तेज कर दी हैं। गृह सचिव शैलेश बगौली ने बृहस्पतिवार को सभी जिलाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक की और विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए।

गृह सचिव ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे विवाह पंजीकरण की प्रक्रिया को सरल, तेज और प्रभावी बनाएं और UCC के अंतर्गत पंजीकरण को अनिवार्य रूप से प्रोत्साहित करें। उन्होंने कहा कि जन-जागरूकता के लिए ग्राम स्तर तक विशेष शिविर लगाए जाएं और विभिन्न मंचों के माध्यम से जनता को UCC के लाभों की जानकारी दी जाए।

यह भी पढ़ें 👉  लालकुआं : विधायक के खिलाफ निंदा प्रस्ताव ! सीएम बैठक में ‘दुर्व्यवहार’ का आरोप

जन-जागरूकता कार्यक्रम होंगे आयोजित

गृह सचिव ने बताया कि यूसीसी दिवस के अवसर पर सभी जिलों में विवाह पंजीकरण, समान नागरिक संहिता और इससे जुड़ी अन्य जानकारियों पर केंद्रित जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इसके लिए सभी जिलाधिकारियों से प्रस्ताव और कार्यक्रम की रूपरेखा भी मांगी गई है। उन्होंने मानसून के बाद गांव-गांव तक प्रचार अभियान चलाने और कॉमन सर्विस सेंटर्स (CSC) के माध्यम से भी विवाह पंजीकरण को सुगम बनाने के निर्देश दिए।

यह भी पढ़ें 👉  उत्तराखंड मुक्त विश्वविद्यालय में एडमिशन का बड़ा उछाल, 6 हजार से ज्यादा बढ़ी संख्या

कुछ जिलों ने दिखाया बेहतर प्रदर्शन

सचिव ने समीक्षा के दौरान बताया कि बागेश्वर (63%), चंपावत (60%), रुद्रप्रयाग (58%), उत्तरकाशी और चमोली (59%) ने विवाह पंजीकरण के क्षेत्र में अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन किया है। अन्य जिलों को भी इस दिशा में तेजी से कार्य करने की आवश्यकता है।

बैठक में जिलाधिकारियों ने अपने-अपने जिलों में यूसीसी पंजीकरण की प्रगति, चुनौतियों और स्थानीय स्तर पर आ रही व्यावहारिक समस्याओं की जानकारी दी। सचिव ने सभी जिलों से कहा कि आगामी यूसीसी दिवस को सफल बनाने के लिए समर्पित टीमों के साथ समन्वय बनाते हुए कार्य करें।

यह भी पढ़ें 👉  Преимущества 1хбет зеркало с быстрым откликом для игроков

UCC क्या है?

समान नागरिक संहिता (Uniform Civil Code) एक ऐसा कानून है जिसके तहत सभी नागरिकों के लिए विवाह, तलाक, संपत्ति और उत्तराधिकार जैसे मामलों में एक समान कानून लागू होता है…चाहे उनका धर्म, जाति या समुदाय कुछ भी हो।

Ad Ad
अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -

👉 व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें

👉 फेसबुक पेज़ को लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें

हमारे इस नंबर 7017926515 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें