हल्द्वानी – हल्द्वानी के सांझ रेस्टोरेंट की दूसरी शाखा अब पंगोट में खुली, मिलेगा पहाड़ी व्यंजन

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हल्द्वानी- कमलुवागांजा में सांझ रेस्टोरेंट के साथ एक बेहतरीन शुरुआत करने के बाद रामनगर के तीन दोस्तों ने पंगोट में भी अपना काम शुरू कर दिया है। सांझ रेस्टोरेंट देखते ही देखते हल्द्वानी के स्थानीय लोगों व पर्यटकों की खास पसंद बन गया है। पहाड़ी व्यंजनों को आपकी थाली में परोस रहे सांझ की दूसरी शाखा अब पंगोट किलबरी में भी खुल गई है।

साल 2021 में रामनगर निवासी दो भाई मनोज गिरी, हिमांशु गिरी व उनके दोस्त हिमांशु नेगी ने मिलकर हल्द्वानी कमलुवागांजा में सांझ नाम से एक रेस्टोरेंट की शुरुआत की थी। सांझ को जो बात और स्थानों से अलग बनाती है वो केवल इस जगह की सुंदरता नहीं है। बल्कि शांतिमय परिवेश, अच्छा खाना और पहाड़ी खाना यहां की पहचान है।

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इसमें कोई दोराय नहीं कि पहाड़ के व्यंजन अधिकतर पहाड़ के दूरस्थ गांवों के घरों तक ही सीमित रह जाते हैं। उन्हें शहरों में आने का मौका नहीं मिल पाता। ऐसे में सांझ की इस पहल से हल्द्वानी में लोगों को पहाड़ का स्वाद मिल रहा है। अब यह स्वाद नैनीताल के स्थानीय लोगों, छात्रों व सरोवर नगरी आने वाले पर्यटकों को भी मिल सकेगा। दरअसल किलबरी में भी एक नए अवतार में सांझ की शुरुआत हो गई है।

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यहां सांझ सिर्फ खाने-पीने की जगह ही नहीं बल्कि रहने के लिए भी तैयार किया गया है। बता दें कि कसोल जैसी थीम के साथ बनाया गया होमस्टे सैलानियों के लिए मेडिटेशन का भी केंद्र बन सकेगा। नैनीताल के छात्रों, यहां काम करने वाले लोगों व पर्यटकों को पहाड़ का स्वादिष्ट खाना खाने का मौका भी सांझ में मिलेगा। सांझ के संचालकों का कहना है कि पहाड़ी स्वाद को थाली में परोसने में अलग ही आनंद मिलता है।

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गौरतलब है कि रामनगर के निवासी मनोज गिरी, हिमांशु गिरी और हिमांशु नेगी अब से चार साल पहले रामनगर से हल्द्वानी आए थे। तब उनके मन में यह स्पष्ट था कि उन्हें आत्मनिर्भरता की राह पर आगे बढ़ना है। बीच में कई सारी बाधाएं आना लाजमी है। मगर जो मेहनत से रिश्ता रखता है, उसे मंजिल मिलना तय है। आज तीनों दोस्तों की मेहनत सफल हो रही है। सांझ को लोग पसंद कर रहे हैं। आत्मनिर्भर भारत के सपने को पूरा करने की दिशा में उत्तराखंड के युवाओं का योगदान वाकई सराहनीय है।

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