नैनीताल :(बड़ी खबर) अपना काम प्राइवेट व्यक्तियों से कराते थे दो कानून गो, DM रयाल ने कर दिया डीमोशन

KhabarPahad-App
खबर शेयर करें -

राजस्व अभिलेखों का काम निजी व्यक्तियों से कराने पर दो रजिस्ट्रार कानूनगो पदावनत

राजस्व अभिलेखीय कार्यों को निजी व्यक्ति से संपादित कराने के गंभीर आरोप सिद्ध होने पर प्रशासन ने कड़ी कार्रवाई करते हुए दो निलंबित रजिस्ट्रार कानूनगो को पदावनत कर दिया है। विभागीय जांच में आरोप सिद्ध पाए जाने के बाद यह दंडादेश पारित किया गया।
प्रशासनिक अभिलेखों के अनुसार रजिस्ट्रार कानूनगो भूपेश चंद और अर्जुन सिंह बिष्ट पर आरोप था कि उन्होंने अपने पद से जुड़े वैधानिक दायित्व निजी एवं अनधिकृत व्यक्तियों से कराए। इस प्रकरण को गंभीर मानते हुए नियमानुसार प्रारंभिक जांच कराई गई, जिसके बाद विभागीय कार्यवाही शुरू की गई।

यह भी पढ़ें 👉  हल्द्वानी :(बड़ी खबर) महिला पर्यटक के साथ दुष्कर्म के प्रयास करने वाला ऐसे हुआ गिरफ्तार

जांच अधिकारी द्वारा दस्तावेजी साक्ष्यों, अभिलेखों और संबंधित व्यक्तियों के बयानों के आधार पर यह तथ्य स्थापित पाया गया कि दोनों अधिकारियों ने राजस्व से जुड़े कार्यों में निजी व्यक्ति की सहायता ली। जांच प्रतिवेदन में आरोपों को पूर्ण रूप से सिद्ध माना गया।
कारण बताओ नोटिस के जवाब में संबंधित अधिकारियों ने यह स्वीकार किया कि अधिक कार्यभार और लंबित मामलों के दबाव के कारण उन्होंने निजी व्यक्ति की सहायता ली थी। हालांकि प्रशासन ने स्पष्ट किया कि कार्यभार किसी भी स्थिति में वैधानिक शक्तियों के हस्तांतरण को वैध नहीं ठहरा सकता। निजी व्यक्ति को राजस्व अभिलेखीय कार्यों में शामिल करना नियमों के विरुद्ध है तथा राजकीय अभिलेखों की गोपनीयता और विश्वसनीयता के लिए गंभीर खतरा है।

यह भी पढ़ें 👉  हल्द्वानी :(बड़ी खबर) ऊंचापुल अतिक्रमण, DM का चल गया चाबुक

प्रशासन ने इसे गंभीर कदाचार, कर्तव्य में घोर लापरवाही तथा राजकीय शक्तियों के अवैध हस्तांतरण की श्रेणी में माना। दंड निर्धारण के दौरान पद की संवेदनशीलता, कृत्य की गंभीरता और अधिकारियों द्वारा तथ्य स्वीकार किए जाने जैसे पहलुओं पर विचार किया गया।

यह भी पढ़ें 👉  नैनीताल: (बड़ी खबर) अपने बच्चे का RTE के तहत दाखिला करवाने वाले अभिभावक ध्यान दें

इन परिस्थितियों में प्रशासन ने दोनों अधिकारियों—भूपेश चंद और अर्जुन सिंह बिष्ट—को उनके वर्तमान पद से पदावनत करते हुए निम्न पद एवं वेतनमान पर आसीन किए जाने का दंड दिया है। आदेश के अनुसार यह दंड तत्काल प्रभाव से लागू होगा और इसे सेवा पुस्तिका में अंकित किया जाएगा। साथ ही यह भी स्पष्ट किया गया है कि यह आदेश किसी पृथक आपराधिक या विजिलेंस कार्यवाही को प्रभावित नहीं करेगा।

Ad
अपने मोबाइल पर ताज़ा अपडेट पाने के लिए -

👉 व्हाट्सएप ग्रुप को ज्वाइन करें

👉 फेसबुक पेज़ को लाइक करें

👉 यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें

हमारे इस नंबर 7017926515 को अपने व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ें